भारतीय क्रिकेट के लिए चैंपियंस ट्रॉफी-2025 के बाद का समय काफी उठक-पटक वाला और रोमांच से भरपूर हो सकते हैं। कुछ बड़े फैसले इस टूर्नामेंट के बाद लिए जा सकते हैं जिसमें रोहित शर्मा के विकल्प का फैसला भी होगा। वनडे टीम की कप्तानी में उनका स्थान के लिए लिए शुभमन गिल आगे थे लेकिन हार्दिक पांड्या भी अब इस रेस में हैं।
भारतीय टीम रविवार को चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में न्यूजीलैंड से भिड़ेगी लेकिन इस समय सबसे ज्यादा इस बात की चर्चा है कि क्या कप्तान रोहित शर्मा इस टूर्नामेंट के बाद संन्यास लेंगे? पिछले साल बारबाडोस में टी-20 विश्व कप जीतने के बाद उन्होंने जिस तरह से टी-20 प्रारूप से संन्यास लिया था वैसे ही क्या वह वनडे प्रारूप को छोड़ेंगे क्योंकि बार्डर-गावस्कर ट्रॉफी में खराब प्रदर्शन के बाद उनका जून-जुलाई में इंग्लैंड में पांच टेस्ट मैचों सीरीज में खेलना तो मुश्किल नजर आ रहा है।
दैनिक जागरण ने पहले ही लिखा था कि इन सब पर निर्णय चैंपियस ट्रॉफी के बाद होगा। चैंपियंस ट्रॉफी का प्रदर्शन रोहित शर्मा और विराट कोहली का भविष्य तय करेगा। बीसीसीआइ सूत्रों के मुताबिक, भारतीय टीम चैंपियंस ट्रॉफी हारती है तो हो सकता है रोहित संन्यास ले लें। अगर टीम ट्रॉफी जीतती है तो रोहित का निर्णय क्या होगा पता नहीं।
छोड़ सकते हैं कप्तानी
हालांकि दोनों ही सूरत में संन्यास लेने या न लेने का निर्णय भारतीय कप्तान का होगा। हालांकि जिस तरह से पिछली बैठक में चर्चा हुई हैं उससे ट्रॉफी जीतने की सूरत में एक स्थिति ये बनती नजर आ रही है कि रोहित 2027 वनडे विश्व कप को देखते हुए वनडे में कप्तानी छोड़कर सिर्फ एक क्रिकेटर के तौर खेल सकते हैं। उससे भारतीय टीम एक नए नेतृत्व के साथ आगे बढ़ सकती है और रोहित जब तक खेलना चाहते हैं तब तक खेल सकते हैं।
जब सूत्र से पूछा कि ऐसे में क्या रोहित की जगह टीम में बनती हुई दिखेगी तो उन्होंने कहा कि क्रिकेट की चकाचौंध को छोड़ना इतना आसान नहीं होता। बाकी टीम में किसी को चुनना या न चुनना चयनकर्ताओं का काम है।
गिल के साथ पांड्या भी रेस में
सूत्र से जब नए कप्तान के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि देखिए गिल अभी उपकप्तान हैं, लेकिन उनके अलावा हार्दिक पांड्या भी कप्तानी की दौड़ में हैं। ऐसे में आपको भविष्य में हार्दिक कप्तान के तौर पर दिखें और गिल ही उपकप्तान रहें तो आश्चर्यचकित नहीं होना चाहिए। अगर गिल और हार्दिक पर सहमति नहीं बनती है तो सबके प्रिय केएल राहुल भी कप्तानी की दौड़ में आ जाएंगे।
सूत्र से जब विराट के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि अभी सिर्फ वनडे की बात की जा सकती है और जिस तरह वह रन बना रहे हैं उससे एक क्रिकेटर के तौर पर उनकी टीम में जगह पर किसी को कोई संदेह नहीं है। बाकी उनको किस प्रारूप से कब संन्यास लेना है ये उन्हें तय करना है। रोहित और विराट का मामला अलग है क्योंकि रोहित कप्तान हैं और 2027 वनडे विश्व कप में निश्चित तौर पर नए कप्तान के साथ टीम जाना चाहेगी।जमकर हुई चर्चा
शुक्रवार शाम को भारतीय टीम के अभ्यास सत्र के दौरान एक तरफ मुख्य कोच गौतम गंभीर और मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर बातचीत कर रहे थे तो उनसे कुछ मीटर की दूरी पर कप्तान रोहित शर्मा और पूर्व कप्तान विराट कोहली करीब 15 मिनट से किसी बात पर चर्चा करते रहे। ये चर्चा निश्चित तौर पर रविवार के मैच को लेकर तो नहीं थी। इसके बाद विराट अभ्यास करके मैदान से बाहर चले गए और रोहित जाकर गंभीर व अगरकर से बात करने लगे।
इस चर्चा ने 2023-24 के दक्षिण अफ्रीका दौरे की याद दिला दी जब केपटाउन में मुख्य कोच राहुल द्रविड़ और विराट अभ्यास सत्र के दौरान एक किनारे जाकर आधे घंटे से ज्यादा बतियाते नजर आए थे। उसके बाद ही अफगानिस्तान के विरुद्ध टी20 और 2024 टी20 विश्व कप की टीम का चयन होना था। मालूम हो कि बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के बाद मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर, मुख्य कोच गौतम गंभीर, कप्तान रोहित शर्मा और बीसीसीआइ पदाधिकारियों के बीच बैठक हुई थी जिसमें 2027 वनडे विश्व कप के लिए भारतीय टीम के रोडमैप पर चर्चा हुई थी।
उसमें रोहित ने कहा था कि मैं कुछ महीने तक हूं, तब तक आप अपना नया कप्तान तैयार कर लें। हालांकि जसप्रीत बुमराह के चोटिल होने के कारण जब इंग्लैंड और चैंपियंस ट्रॉफी के लिए रोहित के नायब के चुनने की बारी आई तो शुभमन गिल और हार्दिक को लेकर मतभेद हो गए। रोहित और अगरकर गिल को उपकप्तान बनाने के पक्ष में थे जबकि गौतम गंभीर हार्दिक पांड्या को कप्तान बनाने के पक्ष में थे।
2022 टी-20 विश्व कप से 2024 टी-20 विश्व कप के बीच रोहित और विराट ने न के बराबर टी-20 मैच खेल थे। तब उस समय कई सीरीज में हार्दिक ने कप्तानी की थी। रोहित ठीक विश्व कप से पहले अफगानिस्तान सीरीज में कप्तानी करते हैं और बाद में उनके नेतृत्व में टीम खिताब जीतती है। उस विश्व कप में उपकप्तान होने के बावजूद हार्दिक टी-20 टीम के कप्तान नहीं बनते हैं और सूर्यकुमार यादव को कप्तान बना दिया जाता है।
इस समय अक्षर पटेल टी-20 के उपकप्तान हैं। भारतीय टीम के सूत्रों का कहना है कि वह रोहित के जाने के बाद एक सफेद गेंद और एक लाल गेंद का कप्तान देख रहे हैं। यानी वह चाहते हैं कि एक खिलाड़ी वनडे व टी-20 की कप्तानी करे और एक टेस्ट की कप्तानी करे। फिट होने की स्थिति में जसप्रीत बुमराह टेस्ट की कप्तानी के प्रबल दावेदार हैं। सूर्यकुमार का टी-20 में हालिया बल्लेबाजी प्रदर्शन काफी खराब रहा है। इन सबको देखते हुए आने वाले कुछ महीने भारतीय क्रिकेट के लिए बहुत महत्वपूर्ण होने वाले हैं।





