अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

पुलिस के साये में परशुराम शोभायात्रा:प्रशासन के दबाव में नहीं निकाले फरसे

Share

इंदौर

इंदौर में भगवान परशुराम के जन्मोत्सव के मौके पर पारंपरिक शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा शाम 7 बजे से बड़ा गणपति चौराहे से शुरू हुई। इसमें एक हजार महिलाएं साफा बांधे शामिल हुई। यह शोभायात्रा एक हजार परिवारों के सहयोग से निकाली जा रही है। यात्रा मरीमाता स्थित परशुराम वाटिका तक जाएगी। यह यात्रा सर्व ब्राह्मण समाज के तत्वावधान में सर्व ब्राह्मण युवा परिषद द्वारा आयोजित की जा रही है। युवा परिषद के संस्थापक पं. विकास अवस्थी ने कहा कि महिलाएं-युवतियां यात्रा में फरसे लेकर चलने वाली थी हमने फरसे तैयार भी किए थे, लेकिन पुलिस प्रशासन से चर्चा के बाद फरसे नहीं निकाले गए।

शोभायात्रा में जबर्दस्त उत्साह।

शोभायात्रा में जबर्दस्त उत्साह।

1 हजार महिलाएं, एक जैसी वेशभूषा में
इस यात्रा का नेतृत्व समाज की महिलाएं कर रही हैं। इसमें करीब एक हजार से ज्यादा महिलाएं एक जैसी वेशभूषा में ब्राह्मण एकता का संदेश देते हुए चल रही है। इसमें बैंड, भजन मंडलियां भी शामिल हैं। खास बात यह कि शोभायात्रा के साथ पुलिस के बड़े अधिकारी टीम के साथ चल रहे हैं। शोभायात्रा जब जिंसी स्थित मस्जिद से गुजरी तो वहां आगे-पीछे भारी पुलिस बल तैनात था। इसी तरह काली मस्जिद के पास भी पुलिस का माकूल इंतजाम था।

मुख्य आकर्षण भगवान परशुराम का भव्य रथ है। यात्रा मार्ग पर 100 मंचों से स्वागत किया जाएगा। यात्रा में विभिन्न ब्राह्मण वर्ग, उपवर्ग के समाजजन शामिल हुए हैं। प्रदेश के विभिन्न जिलों से ब्राह्मण समाजजन भी शामिल हुए हैं। वर्ष 2010 से सर्व ब्राह्मण समाज के 1 हजार परिवारों से दो-दो सौ रुपए का सहयोग लेकर शोभायात्रा निकाली जाती है। अब तक 800 से 900 के बीच सहयोगी बनाए जाते थे। इस बार पूरे 1 हजार परिवारों से सहयोग मिला है।

शोभा यात्रा के दौरान भारी पुलिस मौजूद।

शोभा यात्रा के दौरान भारी पुलिस मौजूद।

यात्रा मार्ग में हुआ परिवर्तन
युवा परिषद के संस्थापक पं. विकास अवस्थी और शोभायात्रा संयोजक पं. संजय मिश्रा के मुताबिक यात्रा पहले बड़ा गणपति से राजबाड़ा तक निकाली जाती थी, इस बार स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के चलते मार्ग में परिवर्तन किया गया। अब यात्रा बड़ा गणपति चौराहे से जनता कॉलोनी होते हुए जिंसी चौराहे से टर्न लेते हुए शंकरगंज से रानी लक्ष्मीबाई प्रतिमा से गुटकेश्वर मंदिर के सामने से होते हुए पुलिस पेट्रोल पंप से मरीमाता चौराहा होते हुए परशुराम वाटिका पहुंचेगी। यहां भगवान परशुराम की प्रतिमा का पूजन व महाआरती के साथ यात्रा संपन्न होगी।

यह भी है यात्रा में खास

  • यात्रा में वनवासी क्षेत्रों की आदिवासी टोली भी इसमें शामिल है।
  • देशभर में 1 लाख परशुराम प्रतिमाएं वितरित करने का लक्ष्य रखा है। इसकी डिजाइन नई टेक्नोलॉजी से तैयार की है।

पुलिस के कड़े इंतजाम, एसएएफ व आरपीएफ का एक्स्ट्रा फोर्स
एक दिन ही दिन में अक्षय तृतीया व ईद का त्यौहार होने से सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं। ईदगाहों व बाजारों में पुलिस बल तैनात किया गया है। खास स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों से नजर रखी जा रही है। पुलिस की गाड़ियां लगातार पेट्रोलिंग करेगी। जिले में कुल 6 हजार पुलिसकर्मियों का बल है। इसके अलावा एसएएफ के 500 जवानों का बल भी लगाया गया है। आरपीएफ की तीन टुकड़ियां खजराना, चंदन नगर व आजाद नगर में सक्रिय हैं।

Ramswaroop Mantri

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें