पटना। बिहार में पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होना है। ऐसे में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एनडीए पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ गठबंधन बिहार को गिरवी रखना चाहता है और राजद नेता तेजस्वी यादव के नौकरियों और महिलाओं को मान्यता देने के वादों से परेशान है। साथ ही उन्होंने बीजेपी का मज़ाक उड़ाते हुए उसे गप्पू और चप्पू की पार्टी बताया।
अखिलेश ने कहा कि एनडीए बिहार को गिरवी रखना चाहता है। वे घबराए हुए हैं। तेजस्वी के नौकरी देने और 2500 महिलाओं को सम्मान देने के वादे से वे चिंतित हैं। इस बार बिहार की जनता समरसता चुनेगी…बीजेपी गप्पू का मामला है…उन्होंने कहा था कि वे चांद पर ज़मीन देंगे, बैंक खाते में 15 लाख रुपए जमा करेंगे और करोड़ों नौकरियां पैदा करेंगे।
अखिलेश ने आगे कहा कि ये वह लोग हैं जिन्हें अमेरिका ने चोट पहुंचाई है। अमेरिका उन्हें डरा रहा है, इसलिए वे इस तरह के हथकंडे अपनाएंगे ताकि चुनावों में उनकी नाकामी पर बहस न हो। बीजेपी के पास बड़े गप्पू और उनके चप्पू हैं…हमें बिहार को गप्पू और चप्पू से बचाना है। अखिलेश ने कहा कि रोज़गार कभी भी बीजेपी का एजेंडा नहीं रहा है। यही कारण है कि पलायन हो रहा है। हर घर में सरकारी नौकरी क्यों नहीं हो सकती?
जब मैंने 14,000 करोड़ रुपए का एक्सप्रेसवे बनाया, तो बीजेपी ने कहा कि ऐसा नहीं हो सकता। जब मैंने इसे बनाया और आगे की मंज़ूरी दी, तो यह वही एक्सप्रेसवे है जहां पीएम मोदी उतरे थे। क्या बीजेपी ने ऐसा कोई हाईवे बनाया है? इससे पहले अखिलेश ने मोकामा में हुई एक हत्या की घटना को लेकर बीजेपी की आलोचना की और कहा कि अगर भारी सुरक्षा तैनाती के बावजूद ऐसा अपराध हो सकता है, तो यह
सवाल उठता है कि राज्य में जंगल राज है या मंगल राज।
। बिहार में पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होना है। ऐसे में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एनडीए पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ गठबंधन बिहार को गिरवी रखना चाहता है और राजद नेता तेजस्वी यादव के नौकरियों और महिलाओं को मान्यता देने के वादों से परेशान है। साथ ही उन्होंने बीजेपी का मज़ाक उड़ाते हुए उसे गप्पू और चप्पू की पार्टी बताया। अखिलेश ने कहा कि एनडीए बिहार को गिरवी रखना चाहता है। वे घबराए हुए हैं। तेजस्वी के नौकरी देने और 2500 महिलाओं को सम्मान देने के वादे से वे चिंतित हैं।
इस बार बिहार की जनता समरसता चुनेगी…बीजेपी गप्पू का मामला है…उन्होंने कहा था कि वे चांद पर ज़मीन देंगे, बैंक खाते में 15 लाख रुपए जमा करेंगे और करोड़ों नौकरियां पैदा करेंगे। अखिलेश ने आगे कहा कि ये वह लोग हैं जिन्हें अमेरिका ने चोट पहुंचाई है। अमेरिका उन्हें डरा रहा है, इसलिए वे इस तरह के हथकंडे अपनाएंगे ताकि चुनावों में उनकी नाकामी पर बहस न हो। बीजेपी के पास बड़े गप्पू और उनके चप्पू हैं…हमें बिहार को गप्पू और चप्पू से बचाना है। अखिलेश ने कहा कि रोज़गार कभी भी बीजेपी का एजेंडा नहीं रहा है। यही कारण है कि पलायन हो रहा है। हर घर में सरकारी नौकरी क्यों नहीं हो सकती? जब मैंने 14,000 करोड़ रुपए का एक्सप्रेसवे बनाया, तो बीजेपी ने कहा कि ऐसा नहीं हो सकता। जब मैंने इसे बनाया और आगे की मंज़ूरी दी, तो यह वही एक्सप्रेसवे है जहां पीएम मोदी उतरे थे। क्या बीजेपी ने ऐसा कोई हाईवे बनाया है? इससे पहले अखिलेश ने मोकामा में हुई एक हत्या की घटना को लेकर बीजेपी की आलोचना की और कहा कि अगर भारी सुरक्षा तैनाती के बावजूद ऐसा अपराध हो सकता है, तो यह सवाल उठता है कि राज्य में जंगल राज है या मंगल राज।





