अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

तेरी दोस्ती

Share

तेरी दोस्ती ने हमको
जीवन जीना सिखा दिया
उदास रहता था मेरा चेहरा
उसको मुस्कुराना सिखा दिया।

न मिली मोहब्बत जीवन में
इसका अब कोई गम नहीं रहा
तेरी दोस्ती ने मुझको
हर लम्हा जीना सिखा दिया।

रब करे तू हमेशा खुश रहे
मेरी हर दुआ में शामिल रहे
तेरी दोस्ती ने मुझको
जीवन का बदलाव सिखा दिया।

मेरी रिद्धियां मेरी सिद्धियां
तुमको सदा सलामत रखें
तेरी दोस्ती ने मुझको
मानव से महामानव बना दिया।

डॉ.राजीव डोगरा
कांगड़ा हिमाचल प्रदेश (युवा कवि लेखक)
(हिंदी अध्यापक)
पता-गांव जनयानकड़
पिन कोड -176038
कांगड़ा हिमाचल प्रदेश
rajivdogra1@gmail.com

Ramswaroop Mantri

Add comment

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें