अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

देशभर के  बुद्धिजीवियों से  एक सवाल 

Share

सोनू के मीणा

देशभर के तमाम बुद्धिजीवी लोगों के लिए एक सवाल छोड़ रहा हूँ।

ग्रामीण क्षेत्र के एक किसान ने खेती की आय से अपने बच्चों को पढ़ाने का प्रयास किया!

रातदिन मेहनत करके दसवीं तक पढ़ा लिया लेकिन आगे की शिक्षा के लिए वो किसान खर्चा नहीं उठा पा रहा है!

भाई-बंधुओं व रिश्तेदारों से उधार लेकर 12th करवा ली।फसल बिकने पर चुकाने का वादा करके अपने समाज के सक्षम रिश्तेदारों के आगे हाथ जोड़कर उसका इंतजाम कर लिया।

अब किसान का बेटा प्रोफेशनल डिग्री लेकर भी नौकरी प्राप्त नहीं कर पा रहा है।

पूरा परिवार परेशान है।बच्चा डिग्री लेकर बैठा है।प्रोफेशनल डिग्री लेने के दौरान उसने अखबारों व टीवी से जान लिया कि खेती घाटे का सौदा है!

अब वो खेत मे जाना नहीं चाहता और किसान ने पूँजीवादी व्यवस्था के हिसाब से ढलने के लिए कर्ज लेकर व्यवस्था कर दी!

अब बेटा बेरोजगार है,कोई कमाई नहीं कर पा रहा है।कई परिवारों में लड़का 5 बहनों के बीच इकलौता भाई है!बहनों की शादी भी करनी है,ओढावाणी/भात भी भरने है!

अब वो लड़का कर्ज तले दबा कौनसा धंधा करें कि उसका परिवार खुशहाल रहे?

पिछले 20 साल में तकरीबन 20 लाख किसान इस समस्या के कारण आत्महत्या कर चुके है।किसान फांसी पर लटक रहे है व उनके बेटे अपराध की दुनियाँ में जा रहे है।

सरकारों,सत्ताओं व पार्टियों का मामला छोड़िए!अर्थशास्त्री, लेखक,कवि,व्यंग्यकार,बुद्धिजीवी कहाँ बैठे है?किसी ने कोई समाधान बताया क्या?

क्या करें किसानों के बच्चे इस दौर में?कोई नहीं बता रहा है।वर्तमान हालातों के मुताबिक ग्रामीण क्षेत्र में पूंजी का सदुपयोग कैसे किया जाए,यह बताने वाला कोई नहीं है।

खेती कभी घाटे का सौदा नहीं रही।व्यवस्था ने बर्बाद किया है और व्यवस्था लौटकर किसानों के चरणों मे आएगी इसलिए खेती में रूपांतरण जरूरी है।

जो सवाल छोड़ा है उसका जवाब ज्ञानी लोग जरूर दें🙏

Ramswaroop Mantri

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें