~ नग़्मा कुमारी अंसारी
जो पुरुष अपनी यौन इच्छाओं पर नियंत्रण रख सकता है, वही लंबे समय तक इस धरती पर सुख-शांति से जी सकता है। ऐसा आज करोड़ों में से कोई एक है. इसीलिए करोड़ों में से कोई एक स्त्री नेचुरल और कम्प्लीट सेक्ससुख पाती है.
पुरुषों को ये समझना चाहिए कि उनकी कई परेशानियों और पतनों की जड़ कई बार कई गर्लफ्रेंड्स होती हैं।
हर लड़की की आत्मा अच्छी नहीं होती। कुछ राक्षसी स्वभाव की होती हैं, कुछ में ज़हर छिपा होता है, और कुछ औरतें किसी की किस्मत को बर्बाद करने वाली होती हैं। इसलिए सावधान रहें।
1. हर बार अपने इरेक्शन (लिंगोत्थान) की बात मत मानो।
अधिकतर बार यह आपको गलत दिशा में ले जाता है। अगर आप अपने इरेक्शन पर नियंत्रण नहीं रख पाए, तो ज़िंदगी छोटी और गरीबी से भरी हो सकती है।
2. किसी लड़की के कर्व्स, बॉडी और फिगर को देखकर रिलेशनशिप मत बनाओ। ये सब धोखा है, खासकर सोशल मीडिया पर। असली सुंदरता और मूल्य इससे कहीं ज्यादा होता है।
3. हर स्कर्ट के नीचे जो है, उसे हासिल करने की कोशिश मत करो। कुछ स्कर्ट के नीचे सांप होते हैं, जो काटकर चैन छीन लेते हैं। ऐसी फीमेल की जांघो के बीच का ज़हर आपको मार देता है. इनका ज़हर संयम और अब्स्टिनेंस (संयमित जीवन) अक्सर सबसे अच्छा फल देता है।
4. कई गर्लफ्रेंड्स रखना मर्दानगी नहीं है। ये सिर्फ आपको औरतबाज़, धोखेबाज़, और बच्चा बनाता है — असली मर्द नहीं।
5. सिर्फ बेड में अच्छे होने से मर्द नहीं बनते। असली मर्द वह है जो अपनी जिम्मेदारियों से भागता नहीं, उन्हें पूरा करता है।
6. उस लड़की का सम्मान करो जो तुमसे सच्चा प्यार करती है।किसी लड़की का प्यार और सपोर्ट मिलना आसान नहीं होता। यह उसकी भावनात्मक ताकत और ईमानदारी का सबूत है।
7. दुनिया उन्हीं पुरुषों को सम्मान देती है जो कामयाब होते हैं।तुम्हारे पास अगर बहुत सारी गर्लफ्रेंड्स हैं, तो कोई तुम्हारी तारीफ नहीं करेगा।
ये सिर्फ समय, ऊर्जा, पैसा और वीर्य की बर्बादी है।
याद रखो : ईमानदार, वफादार और ज़िम्मेदार पुरुष ही असली मर्द कहलाते हैं। संयम ही सफलता की कुंजी है। (चेतना विकास मिशन).





